Raghav Chadha – पंजाब में हवा के रुख बदल गए हैं। उधर से भी नज़रें एक झटके में आम आदमी पार्टी के घर पर टिक गई हैं। सांसद राघव चड्ढा की सुरक्षा हटाए जाने की खबर ने माहौल डगमगा दिया। अब अनुमानों का दौर शुरू हो चुका है। शायद यह सिर्फ एक नियमित प्रशासनिक कदम हो। या फिर, पीछे कोई अनसुनी वजह भी हो सकती है। विपक्ष इस मुद्दे को थाम कर AAP पर दबाव बनाने में जुट गया है अभी तक पार्टी की तरफ से कोई साफ जवाब नहीं आया है। इस बीच, सुरक्षा का मामला धीरे-धीरे राजनीति का बड़ा तूफान बनता जा रहा है
राघव चड्ढा पर AAP की कार्रवाई क्यों बनी विवाद की वजह
अब राघव चड्ढा को उपनेता के पद से हटाए जाने के बाद पार्टी की भीतरी बैठक फिर गरमा गई। विपक्ष इसे पंजाब में झगड़े की झलक मान रहा, जहाँ नेतृत्व में बदलाव की हवा चल रही।पंजाब इकाई में बदलते समीकरण और नेतृत्व की नई लाइन से जोड़कर देखना शुरू कर दिया है
- राघव चड्ढा की जगह अशोक मित्तल को राज्यसभा में नई जिम्मेदारी दी गई।
- फैसले के बाद AAP के अंदर मतभेद और असहजता की चर्चा तेज हुई।
- राघव ने वीडियो जारी कर पंजाब के मुद्दों पर अपनी सक्रियता दिखाने की कोशिश की।
- मामले को पंजाब चुनाव से पहले राजनीतिक संकेत के तौर पर भी देखा जा रहा है।

पंजाब की राजनीति पर इसका क्या असर पड़ सकता है
इस झगड़े का असर सिर्फ एक नेता तक नहीं, बल्कि पंजाब में AAP के चेहरे, भीतरी जुड़ाव और चुनावी कहानी पर भी पड़ेगा। उधर, राघव चड्ढा के आसपास की सुरक्षा बहस, वहीं ED का अशोक मित्तल पर इशारा – ऐसे में लगता है कि पंजाब की राजनीति अब धीरे-धीरे गरमाने वाली है
- अब पंजाब में एक साथ दिखना AAP के लिए मुश्किल हो सकता है
- अब लोग राघव चड्ढा के पक्ष में बात करने लगे हैं, कुछ के खिलाफ भी उठाए जा रहे हैं सवाल।
- इस लड़ाई को देखकर विपक्ष कह सकता है कि AAP के भीतर तकलीफ है
- एक छोटी मीटिंग के बाद भी अफवाहें उड़ सकती हैं
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